RINL और पॉस्को आंध्र प्रदेश में संयुक्त इस्पात परियोजना के लिए तैयार कर रहे हैं रिपोर्ट

25 Oct, 2020 17:04 IST|संजय कुमार बिरादर
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नयी दिल्ली : सार्वजनिक क्षेत्र की राष्ट्रीय इस्पात निगम लि. (आरआईएनएल) तथा दक्षिण कोरिया की कंपनी पॉस्को ने आंध्र प्रदेश में नए इस्पात कारखाने के लिए व्यवहार्यता-पूर्व रिपोर्ट तैयार करने को एक संयुक्त कार्यसमूह का गठन किया है। एक सरकारी सूत्र ने यह जानकारी दी।

 इससे पहले पॉस्को के प्रतिनिधियों तथा इस्पात मंत्रालय के अधिकारियों की जुलाई, 2020 में वर्चुअल बैठक हुई थी। उसमें मंत्रालय ने उसे आरआईएनएल के साथ हुए अपने सहमति ज्ञापन (एमओयू) के क्रियान्वयन के लिए संयुक्त कार्यसमूह बनाने को कहा गया था। यह एमओयू विशाखापत्तनम में सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी आरआईएनएल के स्वामित्व वाली जमीन पर निवेश के बारे में था। 

इस्पात मंत्रालय के एक सूत्र ने कहा, ‘‘पॉस्को ने विशाखापत्तनम में इस्पात संयंत्र लगाने की इच्छा जताई है। व्यवहार्यता पूर्व अध्ययन के लिए एक संयुक्त कार्यसमूह बनाया गया है।'' सूत्र ने बताया कि कार्यसमूह इस्पात मंत्रालय को कार्य में हुई प्रगति से अवगत कराएगा। पॉस्को और आरआईएनएल के बीच काफी समय से संयुक्त उद्यम में विशेष ग्रेड के मूल्यवर्धित इस्पात के विनिर्माण के लिए संयंत्र लगाने की बातचीत चल रही है। 

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आरआईएनएल के साथ संयुक्त उद्यम के जरिये पॉस्को भारत के तेजी से बढ़ते इस्पात बाजार में प्रवेश कर सकेगी। पॉस्को पिछले 15 साल से भारतीय बाजार में उतरने का प्रयास कर रही है। इससे पहले कंपनी ने ओड़िशा के जगतसिंहपुर में 52,000 करोड़ रुपये की लागत से वार्षिक 1.2 करोड़ टन उत्पादन क्षमता का इस्पात संयंत्र लगाने का प्रस्ताव किया था। इस बारे में पॉस्को तथा ओड़िशा सरकार के बीच 2005 में एमओयू हुआ था। तमाम अड़चनों के बाद कंपनी इस परियोजना पर आगे नहीं बढ़ पाई थी।

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