वर्ष 2014 में चंद्रबाबू ने पोलावरम निर्माण कार्य को पूरा करने में किया नजरअंदाज

2 Dec, 2020 15:24 IST|के. लक्ष्मण
आंध्र प्रदेश के सिंचाई और जल संसाधन मंत्री अनिल कुमार यादव

वर्ष 2004 में YSR ने पोलावरम योजना का किया था शिलान्यास

चंद्रबाबू ने वर्ष 2014 से योजना को पूरा करने में बरती लापरवाही

अमरावती : आंध्र प्रदेश विधानसभा (Assembly) में शीतकालीन सत्र तीसरे दिन जारी रहा। विधानसभा में महत्वपूर्ण बिलों पर चर्चा हुई। आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री धर्मना कृष्णदास के (Dharmana Krishna Das) असाइन्ड लैंड्स संशोधन बिल पेश किया गया। तत्पश्चात पोलावरम परियोजना को लेकर विधानसभा में चर्चा जारी रही।

सिंचाई और जल संसाधन मंत्री अनिल कुमार यादव (Anil Kumar Yadav) ने कहा कि सत्ता में रहते समय चंद्रबाबू नायडू (Chandrababu Naidu) ने पोलावरम (Polavaram)योजना का अधूरा कार्य पूरा करने के बारे में बिल्कुल नहीं सोचा। वर्ष 2004 में 11 अगस्त को पोलावरम परियोजना के निर्माण कार्य की आंध्र प्रदेश (Andhra Pradesh) में वाईएसआर ने शिलान्यास किया था। वर्ष 2005 से पोलावरम परियोजना का निर्माण कार्य शुरू हुआ। वाईएसआर (YSR) के आकस्मिक निधन के बाद पोलावरम के निर्माण कार्य में लापरवाही हुई। वर्ष 2014 में सत्तारूढ़ होने के बाद चंद्रबाबू ने पोलावरम परियोजना के निर्माण को नजरअंदाज किया। 

इसे भी पढ़ें

AP विधानसभा के शीतकालीन सत्र का तीसरा दिन शुरू, पेश हआ इलेक्ट्रिसिटी ड्यूटी संशोधन बिल

CM जगन ने प्रकाशम, चित्तूर और YSR कड़पा जिलों में अमूल प्रॉजेक्टों का किया शुभारंभ

अनिल कुमार ने कहा कि रिवाइज्ड इस्टिमेट पेश किये बिना चंद्रबाबू ने समय बर्बाद कर दिया। विशेष पैकेज के नाम पर विशेष दर्जा का मुद्दा छोड़ दिया। पोलावरम के निर्माण के बारे में भी इरिगेशन कम्पाउंड के लिए केंद्र ने निधि देने की बात कही लेकिन चंद्रबाबू ने इनकार किया। पोलावरम का निर्माण कार्य पूरा करने की केंद्र की जिम्मेदारी होने पर चंद्रबाबू ने राज्य पर ले ली। इस पर उस समय नेता प्रतिपक्ष रहे वाईएस जगन ने इस मुद्दे पर सवाल पूछे। 

Related Tweets
Load Comments
Hide Comments
More News
आंध्र-प्रदेश
मुख्य समाचार
.